रवीन्द्रनाथ ठाकुर का

গীতবিতান

संगीत के तथ्य, बोल, स्वरलिपि प्लेयर और अनुवाद

आज का गीत
जडाये आछे वाधा, छाडाये येते चाइ,छाडाते गेले व्यथा वाजे ।मुक्ति चाहिवारे तोमार काछे याइचाहिते गेले मरि लाजे ।
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परिचय

हम जो २१वीं सदी में गुरुदेव के गीतों के साथ बड़े हुए हैं, और जिनके घरों में गीतबितान और स्वरबितान में सड़ा हुआ कागज़ होने के बावजूद उनकी रवीन्द्रसंगीत के प्रति प्रेम कम नहीं हुआ है — यह वेबसाइट उन सभी रवीन्द्रप्रेमियों के लिए है।

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As a leader of the Swadeshi Movement, Calcutta · 1905 · Sukumar Ray 25 Portraits of Rabindranath Tagore (Visva-Bharati, Calcutta, 1951)