एवार वुझि भोलार वेला हल
Ebar bujhi bholar
प्रेम और प्रकृति
एवार वुझि भोलार वेला हल–
क्षति
की ताहे यदि वा तुमि भोलो॥
यावार राति भरिल गाने
सेइ कथाटि रहिल प्राणे,
क्षणेक-तरे आमार पाने
करुण आँखि तोलो॥
सन्ध्यातारा एमनि भरा साँझे
उठिवे दूरे विरहाकाशमाझे।
एइ-ये सुर वाजे वीणाते
येखाने याव रहिवे साथे,
आजिके तवे आपन हाते
विदाय़द्वार खोलो॥ यह गीत का अनुवाद नहीं, केवल बांग्ला बोलों का देवनागरी लिप्यंतरण है। अनुवाद के लिए अनुवाद टैब देखें।
लिप्यंतरण
Ebaar bujhi bholar bela holo - Khoti ki taahe jodi ba tumi bholo. Jaabar raati bhorilo gaane Sei kathati rohilo praane, Khanek-tare aamar paane Korun aankhi tolo. Sondhyataara emni bhara snaajhe Utthibe dure birahaakashomaajhe. Ei-je sur baaje binate Jekhane jaabo rohibe saathe, Aajike tabe aapon haate Bidaaydwaar kholo.
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- प्रेम और प्रकृति · 78(প্রেম ও প্রকৃতি)
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- अनादिकुमार दस्तिदारअनादिकुमार दस्तिदार1903–1974Singer and teacher, and one of the notable propagators of Rabindrasangeet.
- रचनाकाल
- 1930(১৩৩৭)
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