वरिष धरा-माझे शान्तिर वारि
Borisho dhora majhe
पूजा
वरिष धरा-माझे शान्तिर वारि।
शुष्क हृदय़ लय़े आछे दाँड़ाइय़े
ऊधर्वमुखे नरनारी॥
ना थाके अन्धकार, ना थाके मोहपाप,
ना थाके शोकपरिताप।
हृदय़ विमल होक, प्राण सवल होक,
विघ्न दाओ अपसारि॥
केन ए हिंसाद्वेष, केन ए छद्मवेश,
केन ए मान-अभिमान।
वितर’ वितर’ प्रेम पाषाणहृदय़े,
जय़ जय़ होक तोमारि॥ यह गीत का अनुवाद नहीं, केवल बांग्ला बोलों का देवनागरी लिप्यंतरण है। अनुवाद के लिए अनुवाद टैब देखें।
लिप्यंतरण
Borisho dhara-maajhe shaantiro baari Shusko hridayo loye aachhe dnaaraiye Urdhomukhe naronari. Naa thaake andhokaar, naa thaake mohopaap, Naa thaake shokoporitaap. Hridayo bimalo hok, praan sabalo hok, Bighno daao aposaari. Keno e hingsadesh, keno e chhadmobesh, Keno e maan-obhimaan. Bitaro bitaro prem paashanohridaye, Jayo jayo hok tomari.
मेरा नोट
निजी नोट आपकी योजना में शामिल नहीं हैं।सदस्य बनें →
इसके लिए उच्च योजना चाहिए — अधिक मासिक प्ले और एक्सपोर्ट, गाने की स्वरलिपि तथा स्केल, वाद्ययंत्र, ताल और लय नियंत्रण के लिए अपग्रेड करें। सभी प्लान देखें → Patreon से साइन इन करें
यूट्यूब पर
- पर्याय
- पूजा · 126(পূজা)
- उप-पर्याय
- प्रर्थन(প্রর্থন)
- राग
- भैरवि(ভৈরবী)
- ताल
- त्रिताल(ত্রিতাল)
- घराना
- हिन्दुस्तानी(হিন্দুস্তানি)
- स्वरबितान खण्ड
- स्वरबीतन २६(স্বরবিতান ২৬)
- स्वरलिपि
- कांगालिचरण सेन
- रचनाकाल
- 1884(১২৯১)
AI अनुवाद
अभी कोई अनुवाद नहीं — नीचे कोई भाषा चुनकर AI से अनुवाद बनाएँ।
भाषाएँ
प्रीमियम भाषाएँ
AI-निर्मित
अनुवाद बन रहा है…
इस समय अनुवाद नहीं बनाया जा सका। फिर से प्रयास करें।