ए की ए घोर वन
E ki e ghor bon
वाल्मीकि प्रतिभा दृश्य 1
ए की ए घोर वन !— एनु कोथाय ! पथ ये जानि ना, मोरे देखाये दे ना । की करि ए आँधार राते । की हवे मोर हाय । घन घोर मेघ छेयेछे गगने, चकित चपला चमके सघने, एकेला वालिका तरासे काँपे काय ।
यह गीत का अनुवाद नहीं, केवल बांग्ला बोलों का देवनागरी लिप्यंतरण है। अनुवाद के लिए अनुवाद टैब देखें।
लिप्यंतरण
E ki e ghor bon! Enu kothay. Path je jaani na, more dekhaye de-na. Ki kori e aandhar raate. Ki habe mor haay. Ghano ghor megh chheyechhe gagone, Chokito chapala chamoke saghane, Ekela baalika- Tarase knaape kaay.
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दिनेंद्रनाथ ठाकुर1882–1935Rabindranath's grand-nephew and the principal notator of his songs — the poet called him the keeper of all his songs. Taught music at Santiniketan.Photographer unknown, c. 1935 · Wikimedia Commons, public domain - रचनाकाल
- 1881(১২৮৮)
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