मुखखानि कर मलिन विधुर यावार वेला
Mukhokhani karo molin
प्रेम
मुखखानि कर मलिन विधुर यावार वेला–
जानि आमि जानि, से तव मधुर छलेर खेला॥
गोपन चिह्न एँके यावे तव रथे–
जानि तुमि तारे भुलिवे ना कोनोमते
यार साथे तव
हल एक दिन मिलनमेला॥
जानि आमि यवे आँखिजल भरे रसेर स्नाने
मिलनेर वीज अङ्कुर धरे नवीन प्राणे।
खने खने एइ चिरविरहेर भान,
खने खने एइ भय़रोमाञ्चदान–
तोमार प्रणय़े सत्य सोहागे मिथ्या हेला॥ यह गीत का अनुवाद नहीं, केवल बांग्ला बोलों का देवनागरी लिप्यंतरण है। अनुवाद के लिए अनुवाद टैब देखें।
लिप्यंतरण
Mukhokhaani karo molin bidhur jaabar bela - Jaani aami jaani, se tabo modhur chhaler khela. Gopan chinho enke jaabe tabo rathe - Jaani tumi taare bhulibe na konomate Jaar saathe tabo holo ek din milanomela. Jaani aami jaabe aankhijal bhore rasero snaane Milanero bij onkur dhare nobino praane. Khane khane ei chirobirohero bhaan, Khane khane ei bhay romanchodaan - Tomar pronoye sotyo sohage mithya hela.
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- शैलजरंजन मजुमदारशैलजरंजन मजुमदार1900–1992A teacher of chemistry at Visva-Bharati who became one of the great teachers of Rabindrasangeet, and the notator of many songs of the poet's last years.
- रचनाकाल
- 1927(১৩৩৪)
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