गीत / Mayar Khela

আজি এত শোভা কেন, আনন্দে বিবশা যেন

Aaji eto shobha

Mayar Khela Mayar Khela से · दृश्य 3
आजि एत शोभा केन, आनन्दे विवशा येन ।
विम्वाधरे हासि नाहि धरे,
लावण्य झरिय়ा पड়े धरातले !
सखी, तोरा देखे या, देखे या,
तरुण तनु एत रूपराशि
वहिते पारे ना वुझि आर ॥

यह गीत का अनुवाद नहीं, केवल बांग्ला बोलों का देवनागरी लिप्यंतरण है। अनुवाद के लिए अनुवाद टैब देखें।

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