आमि रूपे तोमाय़ भोलाव ना
Ami rupe tomay bholabo na
प्रेम
आमि रूपे तोमाय़ भोलाव ना, भालोवासाय़ भोलाव। आमि हात दिय़े द्वार खुलव ना गो, गान दिय़े द्वार खोलाव॥ भराव ना भूषणभारे, साजाव ना फुलेर हारे – प्रेमके आमार माला करे गलाय़ तोमार दोलाव। जानवे ना केउ कोन् तुफाने तरङ्गदल नाचवे प्राणे, चाँदेर मतो अलख टाने जोय़ारे ढेउ तोलाव॥
यह गीत का अनुवाद नहीं, केवल बांग्ला बोलों का देवनागरी लिप्यंतरण है। अनुवाद के लिए अनुवाद टैब देखें।
लिप्यंतरण
Aami rupe tomay bholabo na, bhaalobasay bholabo. Aami haat diye dwaar khulbo na go, gaan diye dwaar kholabo. Bharabo na bhushanbhaare, saajabo na phuler haare - Premke aamar maala kore galay tomar dolabo. Jaanbe na keu kon tuphane tarongodal naachbe praane, Chnaader moto alokh taane joware dheu tolabo.
मेरा नोट
निजी नोट आपकी योजना में शामिल नहीं हैं।सदस्य बनें →
इसके लिए उच्च योजना चाहिए — अधिक मासिक प्ले और एक्सपोर्ट, गाने की स्वरलिपि तथा स्केल, वाद्ययंत्र, ताल और लय नियंत्रण के लिए अपग्रेड करें। सभी प्लान देखें → Patreon से साइन इन करें
यूट्यूब पर
- पर्याय
- प्रेम · 90(প্রেম)
- उप-पर्याय
- प्रेम्-बोइचित्र(প্রেম্-বোইচিত্র)
- राग
- किर्तन्-तप्प(কীর্তন-টপ্পা)
- ताल
- त्रिताल(ত্রিতাল)
- घराना
- शास्त्रीय और क्षेत्रीय रूप(শাস্ত্রীয় ও আঞ্চলিক রূপ)
- संकलन
- राजा(রাজা)
- स्वरबितान खण्ड
- स्वरबितन ४२ (अरुप्रतन्)(স্বরবিতান ৪২ (অরূপরতন))
- स्वरलिपि
- शैलजरंजन मजुमदारशैलजरंजन मजुमदार1900–1992A teacher of chemistry at Visva-Bharati who became one of the great teachers of Rabindrasangeet, and the notator of many songs of the poet's last years. / दिनेंद्रनाथ ठाकुर
दिनेंद्रनाथ ठाकुर1882–1935Rabindranath's grand-nephew and the principal notator of his songs — the poet called him the keeper of all his songs. Taught music at Santiniketan.Photographer unknown, c. 1935 · Wikimedia Commons, public domain - रचनाकाल
- 1910(১৩১৭)
AI अनुवाद
अभी कोई अनुवाद नहीं — नीचे कोई भाषा चुनकर AI से अनुवाद बनाएँ।
भाषाएँ
प्रीमियम भाषाएँ
AI-निर्मित
अनुवाद बन रहा है…
इस समय अनुवाद नहीं बनाया जा सका। फिर से प्रयास करें।