वाधा दिले वाधवे लड़ाइ, मरते हवे
Badha dile badhbe larai
पूजा
२५९
वाधा दिले वाधवे लड़ाइ, मरते हवे।
पथ जुड़े कि करवि वड़ाइ, सरते हवे॥
लुठ-करा धन क’रे जड़ो के हते चास सवार वड़ो–
एक निमेषे पथेर धुलाय़ पड़ते हवे।
नाड़ा दिते गिय़े तोमाय़ नड़ते हवे॥
निचे वसे आछिस के रे, काँदिस केन?
लज्जाडोरे आपनाके रे वाँधिस केन?
धनी ये तुइ दुःखधने सेइ कथाटि राखिस मने–
धुलार ’परे स्वर्ग तोमाय़ गड़ते हवे–
विना अस्त्र, विना सहाय़, लड़ते हवे॥ यह गीत का अनुवाद नहीं, केवल बांग्ला बोलों का देवनागरी लिप्यंतरण है। अनुवाद के लिए अनुवाद टैब देखें।
लिप्यंतरण
Baadha dile baadhbe lorai, morte hobe. Path jure ke korbi borai, sorte hobe. Luth kora dhon kore jaro ke hote chaas sabar baro - Ek nimeshe pather dhulay porte hobe. Naara dite giye tomay norte hobe. Niche bose aachhis ke re, knaadis keno ? Lajjadore aapnake re bnaadhis keno ? Dhonee je tui dukkhodhone sei kothati raakhis mone - Dhular pore swargo tomay gorte hobe - Bina astro, bina sahay, lorte hobe.
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दिनेंद्रनाथ ठाकुर1882–1935Rabindranath's grand-nephew and the principal notator of his songs — the poet called him the keeper of all his songs. Taught music at Santiniketan.Photographer unknown, c. 1935 · Wikimedia Commons, public domain - रचनाकाल
- 20 August 1914(৪ ভাদ্র ১৩২১)
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