छिन्न पातार साजाइ तरणी
Chhinno patar sajai
पूजा
५८०
छिन्न पातार
साजाइ तरणी, एका एका करि खेला–
आन्मना येन
दिक्वालिकार भासानो मेघेर भेला॥
येमन हेलाय़ अलस छन्दे
कोन् खेय़ालिर कोन् आनन्दे
सकाले-धरानो आमेर
मुकुल झरानो विकालवेला॥
ये वातास नेय़ फुलेर गन्ध, भुले याय़
दिनशेषे,
तार हाते दिइ आमार
छन्द–कोथा याय़ के जाने से।
लक्ष्यविहीन स्रोतेर धाराय़ जेनो
जेनो मोर सकलइ हाराय़,
चिरदिन आमि पथेर
नेशाय़ पाथेय़ करेछि हेला॥ यह गीत का अनुवाद नहीं, केवल बांग्ला बोलों का देवनागरी लिप्यंतरण है। अनुवाद के लिए अनुवाद टैब देखें।
लिप्यंतरण
Chhinno paatar saajai taroni, eka eka kori khela - Aanmona jeno dikbaalikar bhaashano megher bhela. Jemon helay alosho chhande kon kheyalir kon aanonde Sakale-dharano aamer mukul jharano bikaalbela. Je baatas ney phuler gandho, bhule jaay dinosheshe, Taar haate di-i aamar chhando - kotha jaay ke jaane se. Lokkhobihin srotero dhaaray jeno jeno mor sokoli haaray, Chirodin aami pather neshaay paatheo korechhi hela.
मेरा नोट
निजी नोट आपकी योजना में शामिल नहीं हैं।सदस्य बनें →
इसके लिए उच्च योजना चाहिए — अधिक मासिक प्ले और एक्सपोर्ट, गाने की स्वरलिपि तथा स्केल, वाद्ययंत्र, ताल और लय नियंत्रण के लिए अपग्रेड करें। सभी प्लान देखें → Patreon से साइन इन करें
यूट्यूब पर
- पर्याय
- पूजा · 580(পূজা)
- उप-पर्याय
- पोथ(পোথ)
- राग
- झिन्झोति(ঝিঁঝিট)
- ताल
- कहर्व(কাহারবা)
- घराना
- हिन्दुस्तानी(হিন্দুস্তানি)
- स्वरबितान खण्ड
- स्वरबीतन ३(স্বরবিতান ৩)
- स्वरलिपि
- अनादिकुमार दस्तिदारअनादिकुमार दस्तिदार1903–1974Singer and teacher, and one of the notable propagators of Rabindrasangeet.
- रचनाकाल
- 5 March 1927(২১ ফাল্গুন ১৩৩৩)
AI अनुवाद
अभी कोई अनुवाद नहीं — नीचे कोई भाषा चुनकर AI से अनुवाद बनाएँ।
भाषाएँ
प्रीमियम भाषाएँ
AI-निर्मित
अनुवाद बन रहा है…
इस समय अनुवाद नहीं बनाया जा सका। फिर से प्रयास करें।