हृदय़ आमार, ओइ वुझि तोर फाल्गुनी
Hridoy amar oi bujhi
प्रेम और प्रकृति
हृदय़ आमार ओइ वुझि तोर फाल्गुनी ढेउ आसे–
वेड़ा भाङार मातन नामे उद्दाम उल्लासे॥
तोमार
मोहन एल सोहन वेशे,
कुय़ाशाभार गेल भेसे–
एल तोमार साधनधन उदार आश्वासे॥
अरण्ये तोर सुर छिल ना, वातास हिमे भरा–
जीर्ण पाताय़ कीर्ण कानन, पुष्पविहीन धरा।
एवार
जाग् रे हताश, आय़ रे
छुटे अवसादेर वाँधन टुटे–
वुझि
एल तोमार
पथेर साथि उतल उच्छ्वासे॥ यह गीत का अनुवाद नहीं, केवल बांग्ला बोलों का देवनागरी लिप्यंतरण है। अनुवाद के लिए अनुवाद टैब देखें।
लिप्यंतरण
Hriday aamar, oi bujhi tor phaalguni dheu aase. Bera-bhaangar maton naame uddam ullaase. Tomar mohon elo sohano beshe, kuwashabhaar gelo bhese - Elo tomar sadhanodhon udaar aashwashe. Aronye tor shur chhilo na, baatas hime bhara - Jirno paatay kirno kaanon, pushpobihin dhara. Ebaar jaag re hatash, aay re chhute abosader bnaadhon tute - Bujhi elo tomar pather saathi utalo uchchhase.
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- दिनेंद्रनाथ ठाकुर
दिनेंद्रनाथ ठाकुर1882–1935Rabindranath's grand-nephew and the principal notator of his songs — the poet called him the keeper of all his songs. Taught music at Santiniketan.Photographer unknown, c. 1935 · Wikimedia Commons, public domain - रचनाकाल
- 1923(১৩৩০)
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