ओरे आमार हृदय़ आमार
Ore amar hridoy amar
प्रेम
८
ओरे आमार हृदय़ आमार, कखन तोरे प्रभातकाले
दीपेर मतो गानेर स्रोते के
भासाले॥
येन रे तुइ हठाৎ वेँके शुकनो डाङाय़ यास ने
ठेके,
जड़ास ने शैवालेर जाले॥
तीर ये होथा स्थिर रय़ेछे, घरेर प्रदीप सेइ ज्वालालो–
अचल रहे ताहार आलो।
गानेर प्रदीप तुइ ये गाने चलवि छुटे
अकूल-पाने
चपल ढेउय़ेर आकुल ताले॥ यह गीत का अनुवाद नहीं, केवल बांग्ला बोलों का देवनागरी लिप्यंतरण है। अनुवाद के लिए अनुवाद टैब देखें।
लिप्यंतरण
Ore aamar hriday aamar, kakhon tore probhatkaale Deeper mato gaaner srote ke bhaasale. Jeno re tui hatthat bneke shukno daangay jaas ne theke, Jaras ne shoibaler jaale. Tir je hotha sthir royechhe, gharer prodip sei jwaalalo - Achal rahe taahar aalo. Gaaner prodeep tui je gaane cholbi chhute akul-paane Chapal dheuer aakul taale.
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दिनेंद्रनाथ ठाकुर1882–1935Rabindranath's grand-nephew and the principal notator of his songs — the poet called him the keeper of all his songs. Taught music at Santiniketan.Photographer unknown, c. 1935 · Wikimedia Commons, public domain - रचनाकाल
- 13 April 1916(৩০ চৈত্র ১৩২২)
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